डिजीलॉकर कैसे इस्तेमाल करें: digilocker.gov.in या DigiLocker ऐप खोलें, मोबाइल या आधार नंबर से ओटीपी (OTP) डालकर अकाउंट बनाएं और अपना सिक्योरिटी PIN सेट करें। फिर आधार लिंक करके Issued Documents में आधार, ड्राइविंग लाइसेंस, RC और बोर्ड मार्कशीट जैसे सरकारी दस्तावेज सीधे पा सकते हैं।
DigiLocker के मुताबिक Issued Documents में आए दस्तावेज ओरिजिनल के बराबर कानूनी रूप से मान्य हैं।
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DigiLocker भारत सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स और IT मंत्रालय (MeitY) की डिजिटल इंडिया पहल है। इसे आप सरकारी डॉक्यूमेंट रखने का डिजिटल पर्स समझ सकते हैं। आधार, PAN, ड्राइविंग लाइसेंस, गाड़ी की RC, 10वीं-12वीं की मार्कशीट जैसे कागज यहां सीधे उन्हें जारी करने वाले विभाग से आते हैं, इसलिए इन्हें नकली होने का डर नहीं रहता। वेबसाइट के मुताबिक 70 करोड़ से ज़्यादा लोग इस पर रजिस्टर हैं।
इस गाइड में हम अकाउंट बनाने, आधार जोड़ने, दस्तावेज पाने, अपने कागज अपलोड करने और PIN भूलने पर क्या करें, सब कुछ आसान स्टेप में बता रहे हैं। बाकी सरकारी सेवाओं की गाइड हमारे सरकारी सेवा सेक्शन में हैं।
DigiLocker में क्या-क्या होता है
लॉग इन करने के बाद आपको ये मुख्य हिस्से दिखते हैं:
| सेक्शन | क्या मिलता है |
|---|---|
| Home | मुख्य स्क्रीन, जारी दस्तावेजों का सार और काम के लिंक |
| Issued Documents | सरकारी विभागों द्वारा सीधे भेजे गए डिजिटल दस्तावेज, जो ओरिजिनल जितने मान्य हैं |
| DigiLocker Drive (अपलोड किए दस्तावेज) | आपके खुद अपलोड किए कागज, जिन्हें आप शेयर कर सकते हैं |
| Browse Documents | DigiLocker से जुड़े विभागों की लिस्ट, जहां से दस्तावेज मंगाए जाते हैं |
| Activity | अपलोड, डाउनलोड और शेयर जैसे हर काम का रिकॉर्ड |
डिजीलॉकर कैसे इस्तेमाल करें: अकाउंट बनाने के स्टेप
- ब्राउज़र में www.digilocker.gov.in खोलें और ऊपर Login / Register पर क्लिक करें। मोबाइल पर ऐप चाहिए तो इसी वेबसाइट के DOWNLOAD APP लिंक से आधिकारिक ऐप लें।
- साइन अप का विकल्प चुनें और अपना मोबाइल नंबर या आधार नंबर डालें। DigiLocker में सिर्फ भारतीय मोबाइल नंबर चलता है।
- नंबर पर आया ओटीपी (OTP) डालें। DigiLocker के अनुसार ओटीपी सिर्फ 10 मिनट तक वैध रहता है।
- अब अपना Security PIN सेट करें। यह आपका दूसरा सुरक्षा कदम है, इसे किसी को न बताएं।
- अगर मोबाइल नंबर से साइन अप किया है तो आधार नंबर भी जोड़ें। आधार जुड़ने पर ही ज़्यादातर सरकारी दस्तावेज अपने आप मिलते हैं।
आधार जोड़ते समय ओटीपी आधार से जुड़े मोबाइल पर जाता है। अगर “Mobile number is not linked with Aadhaar” जैसी गलती आए, तो पहले आधार में मोबाइल नंबर अपडेट करवाएं।
आधार, ड्राइविंग लाइसेंस और मार्कशीट कैसे पाएं
डिजिटल आधार
DigiLocker के FAQ के मुताबिक यहां का डिजिटल आधार, UIDAI के eAadhaar जैसा ही है। आधार लिंक होने के बाद Issued Documents में आधार कार्ड अपने आप दिखता है, जिसे आप देख या डाउनलोड कर सकते हैं। सीधे UIDAI से PDF लेनी हो तो हमारी आधार कार्ड डाउनलोड गाइड देखें।
ड्राइविंग लाइसेंस और गाड़ी की RC
- आधार लिंक वाले अकाउंट से लॉग इन करें।
- डैशबोर्ड के क्विक लिंक में Get your Digital Driving license या Get your Digital Vehicle RC चुनें।
- ड्राइविंग लाइसेंस नंबर या गाड़ी की जानकारी डालें। DigiLocker इसे परिवहन मंत्रालय के नेशनल रजिस्टर से लाता है।
- दस्तावेज मिलते ही वह Issued Documents में सेव हो जाता है।
ध्यान रखें, आधार और लाइसेंस में नाम एक जैसा होना चाहिए, नहीं तो दस्तावेज नहीं आता। अगर “No record available” जैसा मैसेज आए, तो हो सकता है आपका रिकॉर्ड नेशनल रजिस्टर में न हो। अभी लाइसेंस नहीं बना है, तो पहले ड्राइविंग लाइसेंस ऑनलाइन अप्लाई करें।
बोर्ड की मार्कशीट और दूसरे दस्तावेज
ऊपर Browse या सर्च में विभाग का नाम खोजें, जैसे Education में Central Board of Secondary Education। फिर दस्तावेज चुनें (मार्कशीट, पासिंग सर्टिफिकेट आदि), साल और रोल नंबर डालें और दस्तावेज मंगा लें। CBSE के कई छात्रों के अकाउंट बोर्ड में दिए मोबाइल नंबर से पहले से बने होते हैं, जिनमें रोल नंबर के आखिरी 6 अंक PIN के रूप में चलते हैं। PAN जैसे दूसरे दस्तावेज भी इसी तरह आयकर विभाग से मंगाए जा सकते हैं, या आप PAN कार्ड डाउनलोड गाइड देख सकते हैं।
अपने दस्तावेज अपलोड कैसे करें
जो कागज किसी विभाग से नहीं आते, जैसे किराये का एग्रीमेंट या पुराना सर्टिफिकेट, उन्हें आप खुद अपलोड कर सकते हैं:
- DigiLocker Drive या अपलोड वाले सेक्शन में जाकर अपलोड आइकन पर टैप करें।
- फाइल PDF, JPEG या PNG फॉर्मेट में होनी चाहिए और साइज़ ज़्यादा से ज़्यादा 10MB।
- अपलोड के बाद फाइल का नाम बदल सकते हैं और दस्तावेज का प्रकार चुन सकते हैं।
खुद अपलोड किए दस्तावेज “Issued Documents” की तरह सरकारी रूप से प्रमाणित नहीं होते। कानूनी मान्यता सिर्फ उन दस्तावेजों की है जो सीधे विभाग से Issued Documents में आए हैं।
क्या DigiLocker के दस्तावेज हर जगह मान्य हैं?
DigiLocker के अनुसार Issued Documents ओरिजिनल के बराबर कानूनी रूप से मान्य हैं। परिवहन मंत्रालय ने भी राज्यों को कहा है कि DigiLocker के Issued सेक्शन में दिखाया गया ड्राइविंग लाइसेंस और RC, IT Act 2000 के तहत ओरिजिनल के बराबर माना जाए। यानी ट्रैफिक चेकिंग में आप फोन पर DigiLocker से लाइसेंस दिखा सकते हैं। पुलिस DigiLocker ऐप से QR कोड स्कैन करके उसकी जांच भी कर सकती है।
सुरक्षा और PIN भूलने पर क्या करें
DigiLocker के मुताबिक इसमें 2048-बिट SSL एन्क्रिप्शन, ओटीपी और PIN वाला दो-स्तर लॉग इन, ISO 27001 सर्टिफाइड डेटा सेंटर और CERT-In से मान्य एजेंसियों का सिक्योरिटी ऑडिट होता है। आपके दस्तावेज आपकी इजाज़त के बिना किसी संस्था को नहीं दिए जाते।
- PIN भूल गए हैं तो Sign In पेज पर Forget Security PIN पर क्लिक करें।
- आधार नंबर और आधार के मुताबिक जन्म तिथि डालें।
- Try using Aadhaar OTP instead चुनें, ओटीपी और कैप्चा डालकर सबमिट करें।
- नया Security PIN सेट करें।
DigiLocker का ओटीपी या PIN कोई भी सरकारी कर्मचारी फोन पर नहीं मांगता। ऐसा कॉल आए तो वह धोखा है।
FAQ
DigiLocker का ओटीपी कितनी देर वैध रहता है?
DigiLocker के अनुसार ओटीपी 10 मिनट तक वैध रहता है। उसके बाद ओटीपी दोबारा मंगाना पड़ता है।
क्या बिना आधार के DigiLocker अकाउंट बन सकता है?
हां, सिर्फ मोबाइल नंबर से अकाउंट बन जाता है। पर सरकारी दस्तावेज अपने आप पाने के लिए आधार लिंक करना ज़रूरी होता है।
ट्रैफिक पुलिस DigiLocker वाला लाइसेंस मानती है?
हां, अगर लाइसेंस Issued Documents में है। परिवहन मंत्रालय के निर्देश के अनुसार यह ओरिजिनल के बराबर मान्य है।
एक मोबाइल नंबर से कितने DigiLocker अकाउंट बन सकते हैं?
बिना आधार वाला एक ही अकाउंट बनता है। पहले अकाउंट से आधार लिंक करने के बाद उसी नंबर से दूसरा आधार-लिंक्ड अकाउंट बनाया जा सकता है, जैसे परिवार के सदस्य के लिए।
अपलोड करने के लिए फाइल कितनी बड़ी हो सकती है?
DigiLocker के अनुसार ज़्यादा से ज़्यादा 10MB, और फाइल PDF, JPEG या PNG फॉर्मेट में होनी चाहिए।









