QR कोड जनरेटर: मुफ्त QR कोड बनाएं (QR Code Generator)

यह टूल आपके ब्राउज़र में ही चलता है: आप जो भी लिखते या चुनते हैं, वह कहीं अपलोड नहीं होता।

QR कोड स्कैन करने पर क्या हो?

https:// न लिखें तो हम खुद जोड़ देंगे।

साइज और एरर करेक्शन

ऊंचे लेवल वाला कोड थोड़ा गंदा या फटा होने पर भी स्कैन हो जाता है, पर उसमें बिंदु ज्यादा होते हैं।

यह मुफ्त QR कोड जनरेटर किसी वेबसाइट लिंक, टेक्स्ट, ईमेल, फोन नंबर, SMS या कॉन्टैक्ट कार्ड (विजिटिंग कार्ड) को QR कोड में बदल देता है, जिसे Android और iPhone का कैमरा स्कैन कर लेता है। कोड को PNG या SVG में डाउनलोड करें या सीधे प्रिंट करें।

कोड आपके ब्राउज़र में ही बनता है: आपकी जानकारी कहीं अपलोड नहीं होती, साइन-अप नहीं चाहिए, और कोड कभी एक्सपायर नहीं होता। ध्यान दें: यह टूल UPI से पेमेंट लेने वाला QR नहीं बनाता।

QR कोड जनरेटर कैसे इस्तेमाल करें

  1. QR कोड स्कैन करने पर क्या हो? में से एक चुनें: लिंक, टेक्स्ट, ईमेल, फोन, SMS या कॉन्टैक्ट कार्ड।
  2. उस विकल्प के बॉक्स भरें। लिंक के लिए वेबसाइट का पता लिखें; https:// न लिखें तो टूल खुद जोड़ देता है।
  3. चाहें तो साइज और एरर करेक्शन खोलें। प्रिंट करना हो तो फोटो का साइज में बड़ा (लगभग 1,200 पिक्सल, प्रिंट के लिए) चुनें।
  4. QR कोड बनाएं दबाएं। कोड के नीचे वह पूरा टेक्स्ट भी दिखता है जो कोड के अंदर गया है, उसे एक बार पढ़कर जांच लें।
  5. अपने फोन से कोड स्कैन करके टेस्ट करें, फिर PNG या SVG डाउनलोड करें या प्रिंट का बटन दबाएं।

कौन सा QR कोड किस काम आता है

QR कोड के अंदर सिर्फ टेक्स्ट होता है। स्कैन करने पर फोन क्या करेगा, यह इस बात पर निर्भर है कि वह टेक्स्ट किस तरह शुरू होता है। टूल हर विकल्प के लिए वही फॉर्मेट बनाता है जिसे फोन का कैमरा पहचानता है।

विकल्पस्कैन करने परभारत में आम इस्तेमाल
लिंकब्राउज़र में पेज खुलता हैदुकान या होटल का मेन्यू, Google Maps लोकेशन, Google रिव्यू का लिंक, YouTube चैनल, शादी के कार्ड पर लोकेशन
टेक्स्टलिखा हुआ टेक्स्ट दिखता हैछोटा नोट, सामान का सीरियल नंबर, निर्देश
ईमेलनया ईमेल तैयार खुलता हैशिकायत या सुझाव, कोचिंग में एडमिशन की पूछताछ
फोननंबर डायल होने को तैयारदुकान का बोर्ड, गाड़ी पर “संपर्क करें”, पर्चे
SMSनया SMS तैयार खुलता हैSMS से बुकिंग या रजिस्ट्रेशन
कॉन्टैक्ट कार्डनंबर सीधे कॉन्टैक्ट में सेव होने को तैयारविजिटिंग कार्ड, दुकान का काउंटर, एग्जीबिशन स्टॉल

WhatsApp चैट का QR कोड

WhatsApp का अलग विकल्प नहीं है, पर लिंक वाले विकल्प से यह आसानी से बनता है। WhatsApp के click to chat फीचर में लिंक https://wa.me/ के बाद देश के कोड के साथ पूरा नंबर लगाकर बनता है, बिना +, शून्य, स्पेस या डैश के। भारत के नंबर 98765 43210 के लिए लिंक होगा wa.me/919876543210। ग्राहक कोड स्कैन करेगा तो सीधे आपकी WhatsApp चैट खुल जाएगी।

विजिटिंग कार्ड वाला QR कोड

कॉन्टैक्ट कार्ड चुनें और पूरा नाम लिखें। फोन (जरूरी नहीं), ईमेल (जरूरी नहीं), कंपनी या दुकान (जरूरी नहीं) और वेबसाइट (जरूरी नहीं) जो चाहें भरें। नाम में आखिरी शब्द सरनेम माना जाता है, इसलिए पूरा नाम लिखें। जितनी कम जानकारी, उतना साफ और छोटा कोड।

फोन नंबर में +91 जरूर लगाएं, खासकर अगर कोड विदेश में रहने वाले रिश्तेदार या ग्राहक भी स्कैन कर सकते हैं। टूल नंबर से स्पेस, डैश और ब्रैकेट खुद हटा देता है।

UPI पेमेंट वाला QR: यह टूल नहीं बनाता

दुकान पर पैसे लेने के लिए जो QR लगता है, वह आपके बैंक या UPI ऐप से बनता है और उसमें आपका UPI ID जुड़ा होता है। यह टूल वैसा पेमेंट QR नहीं बनाता। पेमेंट लेने के लिए अपने UPI ऐप या बैंक का दिया QR ही इस्तेमाल करें। UPI ID नहीं है तो पहले UPI ID बनाने का तरीका देखें।

QR कोड स्कैम से बचें

QR कोड को आंख से पढ़ा नहीं जा सकता, इसलिए ठग इसमें गलत लिंक छिपाते हैं। गृह मंत्रालय के I4C (Indian Cyber Crime Coordination Centre) की एडवाइजरी बताती है कि ठग असली QR के ऊपर अपना स्टिकर चिपका देते हैं, या मैसेज में QR भेजकर नकली वेबसाइट खुलवाते हैं जहां लॉगिन और बैंक की जानकारी मांगी जाती है।

पैसे पाने के लिए कभी QR स्कैन न करें और UPI PIN न डालें। RBI साफ कहता है कि पैसे पाने (receive) के लिए न QR स्कैन करना पड़ता है, न PIN डालना पड़ता है। UPI PIN सिर्फ पैसे भेजने के लिए है।

कोई “खरीदार”, “कस्टमर केयर” या “रिफंड टीम” कहे कि यह QR स्कैन करो, पैसे आ जाएंगे, तो समझ जाइए कि यह ठगी है। स्कैन करके PIN डालते ही पैसे आपके खाते से कट जाएंगे।

  • QR से पेमेंट करते समय स्क्रीन पर पाने वाले का नाम जरूर मिलाएं। RBI भी यही सलाह देता है।
  • स्कैन के बाद जो लिंक खुले, उसका पता ध्यान से देखें। स्पेलिंग में छोटा सा फर्क भी नकली साइट का संकेत है।
  • QR से कोई ऐप डाउनलोड न करें; ऐप हमेशा Play Store या App Store से लें।
  • दुकानदार हैं तो अपना QR स्टिकर समय-समय पर जांचें कि किसी ने ऊपर दूसरा स्टिकर तो नहीं चिपका दिया।
  • गलती से PIN किसी गलत जगह डाल दिया हो तो तुरंत UPI PIN बदलें और बैंक को बताएं।

पैसे कट गए हों तो देर न करें: नेशनल साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत करें। पूरा तरीका हमारी ऑनलाइन फ्रॉड शिकायत गाइड में है, और ठगी के बाकी तरीके साइबर सुरक्षा सेक्शन में।

साइज, एरर करेक्शन और प्रिंट के टिप्स

एरर करेक्शन का मतलब है कोड के अंदर रखी गई अतिरिक्त जानकारी, ताकि कोड थोड़ा गंदा, फटा या ढका होने पर भी स्कैन हो जाए।

  • L (कम: सबसे छोटा कोड): लंबे टेक्स्ट के लिए, ताकि कोड ज्यादा घना न हो।
  • M (मध्यम: सही विकल्प): ज्यादातर कामों के लिए यही ठीक है।
  • Q (ज्यादा) और H (सबसे ज्यादा): बाहर लगने वाले बोर्ड, गाड़ी या ऐसी जगह जहां कोड घिस सकता है। इनमें बिंदु ज्यादा होते हैं।
  • सफेद किनारा न काटें। QR के चारों तरफ खाली सफेद जगह (quiet zone) जरूरी है। डाउनलोड वाली फाइल में यह पहले से होती है।
  • काला कोड, सफेद बैकग्राउंड। रंग बदलें तो भी कोड गहरा और बैकग्राउंड हल्का रखें।
  • प्रिंट के लिए SVG या बड़ा PNG। SVG किसी भी साइज पर धुंधला नहीं होता, इसलिए प्रिंटिंग वाले या Canva में यही दें।
  • दूरी के हिसाब से साइज। दीवार के बोर्ड पर लगा कोड विजिटिंग कार्ड वाले कोड से काफी बड़ा होना चाहिए। एक टेस्ट प्रिंट निकालकर उसी दूरी से स्कैन करें।
  • कोड के पास लिखें कि यह क्या करता है, जैसे “मेन्यू देखने के लिए स्कैन करें”। इससे लोगों को भरोसा रहता है और नकली स्टिकर पहचानना आसान होता है।

स्कैन न हो या दिक्कत आए तो

दिक्कतक्या करें
Android फोन कोड नहीं पढ़ रहाकैमरा ऐप की सेटिंग में QR स्कैन चालू करें, या Google Lens से स्कैन करें। रोशनी बढ़ाएं और फोन थोड़ा पीछे करें।
iPhone पर कुछ नहीं हो रहाApple के अनुसार Camera ऐप खोलकर कोड को फ्रेम में रखें और दिखने वाले लिंक पर टैप करें। Control Center में Scan Code बटन से भी स्कैन कर सकते हैं।
टूल कह रहा है कि टेक्स्ट बहुत लंबा हैटेक्स्ट छोटा करें, एरर करेक्शन L चुनें, या पूरी जानकारी किसी वेब पेज पर रखकर उसका लिंक डालें।
गलत पेज खुल रहा हैकोड के नीचे दिखा टेक्स्ट असली पते से मिलाएं, गलती सुधारें और नया कोड बनाएं।
प्रिंट किया कोड स्कैन नहीं होताबड़ा प्रिंट करें, सफेद किनारा रखें, चमकदार (glossy) कागज या लैमिनेशन पर रोशनी के रिफ्लेक्शन से बचें।

प्राइवेसी और सीमाएं

  • कोड आपके ब्राउज़र में बनता है। आपका लिंक, नंबर या नाम हमारे सर्वर पर नहीं जाता।
  • ये स्टैटिक कोड हैं: लिंक सीधे कोड के अंदर होता है, बीच में कोई ट्रैकिंग लिंक नहीं। इसलिए कोड कभी एक्सपायर नहीं होता, पर कितने लोगों ने स्कैन किया, यह गिनती भी नहीं मिलती।
  • प्रिंट होने के बाद कोड बदला नहीं जा सकता। आगे बदलाव की गुंजाइश चाहिए तो कोड को ऐसे पेज के लिंक पर बनाएं जिसे आप खुद अपडेट कर सकें।
  • बीच में लोगो और रंगीन डिजाइन का विकल्प नहीं है।

फोटो छोटी करनी हो तो हमारा इमेज कंप्रेसर, और मजबूत पासवर्ड के लिए पासवर्ड जनरेटर भी मुफ्त है।

FAQ

क्या यह QR कोड जनरेटर सच में मुफ्त है?

हां। न साइन-अप, न वॉटरमार्क, न कोड की गिनती की सीमा। बने हुए कोड कभी एक्सपायर नहीं होते।

क्या इससे दुकान के लिए UPI पेमेंट QR बना सकते हैं?

नहीं। पेमेंट लेने वाला QR आपके बैंक या UPI ऐप से ही लें। यह टूल लिंक, फोन, ईमेल, SMS, टेक्स्ट और कॉन्टैक्ट कार्ड के कोड बनाता है।

PNG डाउनलोड करूं या SVG?

WhatsApp, वेबसाइट या स्लाइड के लिए PNG ठीक है। प्रिंटिंग (बैनर, विजिटिंग कार्ड, पोस्टर) के लिए SVG दें, क्योंकि वह किसी भी साइज पर साफ रहता है।

क्या किसी अनजान QR को स्कैन करना सुरक्षित है?

स्कैन करने से सिर्फ टेक्स्ट पढ़ा जाता है; खतरा उसके अंदर के लिंक में होता है। खुलने वाला पता जांचें, वहां बैंक की जानकारी न डालें, और पैसे पाने के नाम पर कभी PIN न डालें।

WhatsApp का QR कैसे बनाएं?

लिंक विकल्प चुनें और wa.me/91 के बाद अपना 10 अंकों का मोबाइल नंबर लिखें, जैसे wa.me/919876543210। फिर QR कोड बनाएं।

Sources