प्रतिशत कैलकुलेटर: मार्क्स परसेंटेज, किसी संख्या का प्रतिशत और बढ़त-घटत निकालें (Percentage Calculator)

यह टूल आपके ब्राउज़र में ही चलता है: आप जो भी लिखते या चुनते हैं, वह कहीं अपलोड नहीं होता।

क्या निकालना है?

मार्क्स परसेंटेज निकालने के लिए प्राप्त अंक ÷ कुल अंक × 100 करें। जैसे 500 में 432 अंक हैं तो 432 ÷ 500 × 100 = 86.4%।

इस प्रतिशत कैलकुलेटर में अंकों का प्रतिशत (मार्क्स परसेंटेज) चुनें, प्राप्त अंक और कुल अंक भरें। नतीजा टाइप करते ही दिख जाता है, साथ में पूरा फॉर्मूला भी।

प्रतिशत का मतलब है “हर 100 में से कितना”। मार्कशीट, नौकरी के फॉर्म, दुकान की छूट, सैलरी बढ़ना, सब में यही हिसाब लगता है। यह टूल तीन तरह के सवाल हल करता है और हर जवाब के साथ बताता है कि संख्या कैसे निकली। इससे आप खुद भी जांच सकते हैं।

प्रतिशत कैलकुलेटर कैसे इस्तेमाल करें

  1. ऊपर क्या निकालना है? में से अपना काम चुनें: अंकों का प्रतिशत (मार्क्स परसेंटेज), किसी संख्या का कुछ प्रतिशत या कितने प्रतिशत बढ़ा या घटा।
  2. मार्क्स के लिए प्राप्त अंक और कुल अंक भरें। किसी संख्या का प्रतिशत चाहिए तो प्रतिशत (%) और किस संख्या का भरें। बढ़त-घटत के लिए पुरानी संख्या और नई संख्या भरें।
  3. नतीजा टाइप करते-करते बदलता रहता है। चाहें तो प्रतिशत निकालें बटन भी दबा सकते हैं।
  4. बड़े अक्षरों में प्रतिशत दिखेगा (दशमलव के बाद ज्यादा से ज्यादा 2 अंक)। उसके नीचे फॉर्मूले वाली लाइन होगी, जैसे “432 ÷ 500 × 100 = 86.4%”। मार्क्स वाले हिस्से में एक मीटर भी दिखता है।

मार्क्स परसेंटेज कैसे निकालें: फॉर्मूला और उदाहरण

फॉर्मूला है: प्रतिशत = (प्राप्त अंक ÷ कुल अंक) × 100। सभी विषयों के अंक जोड़ें और सभी विषयों के कुल अंक जोड़ें। फिर ऊपर वाला फॉर्मूला लगाएं।

विषयप्राप्त अंककुल अंक
हिंदी78100
अंग्रेजी85100
गणित69100
विज्ञान92100
सामाजिक विज्ञान81100
जोड़405500

यहां 405 ÷ 500 × 100 = 81%। अगर छह विषय हैं और कुल 600 में 487 अंक आए, तो 487 ÷ 600 × 100 = 81.1666… यानी लगभग 81.17%।

आम गलती: विषयों के प्रतिशत का औसत लेना

जब हर विषय के कुल अंक अलग हों, तो प्रतिशतों का सीधा औसत गलत जवाब देता है। मान लीजिए एक पेपर 50 का है जिसमें 45 आए (90%), और दूसरा 100 का है जिसमें 60 आए (60%)। दोनों का औसत 75% लगता है। असली प्रतिशत है (45 + 60) ÷ (50 + 100) × 100 = 105 ÷ 150 × 100 = 70%। इसलिए हमेशा अंकों को जोड़कर हिसाब लगाएं।

कितने अंक चाहिए, यह उल्टा निकालें

किसी फॉर्म में 500 में से कम से कम 60% चाहिए, तो किसी संख्या का कुछ प्रतिशत चुनें। प्रतिशत में 60 और संख्या में 500 डालें। जवाब आएगा 300, यानी कम से कम 300 अंक चाहिए।

CGPA को प्रतिशत में बदलने का तरीका और डिवीजन (फर्स्ट, सेकंड) के नियम हर बोर्ड और यूनिवर्सिटी के अलग होते हैं। यह टूल ऐसा कोई नियम नहीं लगाता। अपनी मार्कशीट के पीछे या बोर्ड/यूनिवर्सिटी की वेबसाइट पर लिखा तरीका ही मानें।

किसी संख्या का कुछ प्रतिशत निकालना

फॉर्मूला है: नतीजा = प्रतिशत ÷ 100 × संख्या। जैसे 2400 का 15% = 15 ÷ 100 × 2400 = 360। रोज के कुछ उदाहरण:

  • दुकान की छूट: ₹1,600 के सामान पर 25% छूट = 1600 का 25% = ₹400। यानी आपको ₹1,200 देने होंगे।
  • बिल पर टैक्स: ₹1,250 का 18% = ₹225। GST के पूरे हिसाब (CGST, SGST) के लिए हमारा GST कैलकुलेटर इस्तेमाल करें।
  • बचत: ₹30,000 सैलरी का 10% बचाना है तो हर महीने ₹3,000 अलग रखें।

कितने प्रतिशत बढ़ा या घटा: प्रतिशत बदलाव

फॉर्मूला है: बदलाव % = (नई संख्या − पुरानी संख्या) ÷ पुरानी संख्या × 100। जवाब पॉजिटिव हो तो बढ़त है, नेगेटिव हो तो घटत। टूल साफ लिखकर बताता है कि “बढ़त” हुई या “घटत”।

पुरानी संख्यानई संख्याहिसाबनतीजा
20,00023,0003,000 ÷ 20,000 × 10015% बढ़त
23,00020,0003,000 ÷ 23,000 × 100लगभग 13.04% घटत
405010 ÷ 40 × 10025% बढ़त

पहली दो लाइनें ध्यान से देखें। 20,000 से 23,000 होना 15% बढ़त है, पर 23,000 से वापस 20,000 होना सिर्फ 13.04% घटत है। ऐसा इसलिए क्योंकि प्रतिशत हमेशा पुरानी संख्या के हिसाब से निकलता है।

तीसरी लाइन भी जरूरी है। अगर किसी का रिजल्ट 40% से 50% हुआ, तो यह 10 प्रतिशत अंक (percentage points) का सुधार है, लेकिन पुराने नतीजे के मुकाबले 25% बढ़त है। खबरों और विज्ञापनों में इन दोनों को अक्सर मिला दिया जाता है।

ब्याज और लोन का हिसाब सिर्फ प्रतिशत से नहीं होता, उसमें समय भी जुड़ता है। उसके लिए ब्याज कैलकुलेटर और EMI कैलकुलेटर देखें।

आने वाली दिक्कतें और उनके हल

  • कुल अंक 0 या खाली है: किसी संख्या को 0 से भाग नहीं दे सकते, इसलिए टूल गलती दिखाएगा। कुल अंक सही भरें।
  • प्राप्त अंक कुल अंक से ज्यादा हैं: टूल चेतावनी देगा, पर नतीजा फिर भी दिखाएगा। आमतौर पर इसका मतलब है कि अंक भरते समय गलती हुई है।
  • पुरानी संख्या 0 है: 0 से बदलाव का प्रतिशत नहीं निकलता, इसलिए टूल गलती दिखाता है।
  • Android और iPhone पर दशमलव: नंबर वाले कीबोर्ड में दशमलव (.) का बटन होता है। कुछ कीबोर्ड में यह नहीं दिखता, तो कीबोर्ड की भाषा बदलकर या दूसरे कीबोर्ड से कोशिश करें।
  • कंप्यूटर पर: नंबर के खाने में कॉमा (,) न लगाएं। 23,000 की जगह 23000 लिखें।
  • दशमलव का फर्क: टूल दशमलव के बाद 2 अंक तक दिखाता है। कोई फॉर्म पूरा नंबर या एक दशमलव मांगे तो उसके नियम के हिसाब से लिखें, अपनी तरफ से राउंड न करें।

प्राइवेसी और सीमाएं

यह प्रतिशत कैलकुलेटर पूरी तरह आपके ब्राउजर में चलता है। आपके अंक या रकम किसी सर्वर पर नहीं जाते और हम कुछ सेव नहीं करते। यह सिर्फ गणित करता है। ग्रेड, डिवीजन, CGPA या पासिंग मार्क्स का कोई नियम इसमें नहीं है, क्योंकि ये बोर्ड और संस्था के हिसाब से बदलते हैं।

सरकारी फॉर्म भरते समय उम्र की शर्त भी जांचनी हो तो उम्र कैलकुलेटर देखें। फॉर्म से जुड़ी बाकी गाइड सरकारी सेवा सेक्शन में हैं।

FAQ

500 में 432 अंक हैं, तो प्रतिशत कितना हुआ?

432 ÷ 500 × 100 = 86.4%।

क्या हर विषय के प्रतिशत का औसत लेकर कुल प्रतिशत निकाल सकते हैं?

सिर्फ तब, जब हर विषय के कुल अंक बराबर हों। वरना सारे प्राप्त अंक जोड़ें, सारे कुल अंक जोड़ें, फिर प्रतिशत निकालें।

CGPA को प्रतिशत में कैसे बदलें?

इसका कोई एक नियम नहीं है। हर बोर्ड और यूनिवर्सिटी अपना फॉर्मूला देती है, जो अक्सर मार्कशीट या उनकी वेबसाइट पर लिखा होता है। वही फॉर्मूला मानें।

कीमत 20% बढ़कर फिर 20% घटे तो क्या पुरानी कीमत वापस आ जाती है?

नहीं। ₹100 पहले 20% बढ़कर ₹120 होगा, फिर 120 का 20% यानी ₹24 घटकर ₹96 रह जाएगा।

प्रतिशत और प्रतिशत अंक में क्या फर्क है?

40% से 50% होना 10 प्रतिशत अंक का बदलाव है, लेकिन पुराने 40 के मुकाबले यह 25% बढ़त है।

Sources